इस्लामाबाद: पाकिस्तान के सूचना और प्रसारण मंत्री ने शहबाज शरीफ की संयुक्त राष्ट्र महासभा में दी गई स्पीच की जमकर तारीफ की है। तरार ने अपने प्रधानमंत्री की स्पीच को ‘ऐतिहासिक’ बताने के साथ ही भारत के लिए ‘कड़ा संदेश’ भी घोषित कर दिया है। तरार ने बड़बोलापन दिखाते हुए कहा है कि शहबाज शरीफ के UNGA में भाषण के बाद भारत को सिंधु जल संधि के मुद्दे पर पीछे हट जाना चाहिए। इस पर उनको सोशल मीडिया पर ट्रोल भी किया जा रहा है।
अताउल्लाह तरार से शहबाज शरीफ के UNGA में दिए गए भाषण पर सवाल किया गया था। इस पर तरार ने कहा, ‘वजीर-ए-आजम की तकरीर को ना सिर्फ पाकिस्तान बल्कि मुस्लिम वर्ल्ड और दुनिया में सराहा जा रहा रहा है। उन्होंने साफ-साफ कहा कि हमने आपको (भारत) बीते साल युद्ध में हराकर मुहतोड़ जवाब दिया है।’
भारत को कड़ा संदेश दिया: तरार
तरार ने आगे कहा कि शहबाज शरीफ ने ना सिर्फ मई, 2025 की चार दिन की लड़ाई को लेकर वैश्विक मंच से बात की बल्कि आगे के लिए भी मैसेज दिया है। तरात ने कहा, ‘साफ है कि अगर इंडिया सिंधु जल संधि को गैर कानूनी तरीके से रद्द करने की कोशिश करके हमारा पानी रोकेगा तो हम इसे युद्ध की कार्रवाई मानेंगे। शरीफ का संदेश है कि भारत इससे पीछे हटे।’
अताउल्लाह तरार पाकिस्तान के उन नेताओं में शुमार हैं, जो अपने बड़बोलेपन और बयानबाजी की वजह से चर्चा में आते रहे हैं। ऑपरेशन सिंदूर के वक्त खासतौर से तरार ने एक के बाद एक बयान भारत के खिलाफ दिए थे। वह भारत पर कई ऐसे आरोप भी लगाते रहे हैं, जिनके चलते वह अक्सर सोशल मीडिया यूजर्स के लिए मजाक का सबब बन जाते हैं।
शहबाज शरीफ का भाषण
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने शुक्रवार को संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपना भाषण दिया है। इस दौरान खासतौर से भारत को उन्होंने निशाने पर रखा। कश्मीर पर उन्होंने कहा कि भारत की ओर से कश्मीर में ज्यादती हो रही है और मानवाधिकारों का उल्लंघन हो रहा है। ऐसे में यूएन के तय नियमों से इस मुद्दे को हल किया जाए।
पाकिस्तान के पीएम ने सिंधु जल संधि पर बोलते हुए कहा कि ये मुद्दा साउथ एशिया में बड़े तनाव का सबब बन सकता है। भारत की ओर से पाकिस्तान का पानी रोकने की कोशिश सही नहीं है। अगर भारत की ओर से पाकिस्तान का पानी रोका जाता है तो फिर पाकिस्तान इसे एक्ट ऑफ (युद्ध की कार्रवाई) मानते हुए अपनी जवाबी कार्रवाई करेगा।































