नई दिल्ली: भारती एयरटेल देश की दूसरी बड़ी वैल्यूएबल कंपनी बन गई है। शेयर मार्केट में भारी उतार-चढ़ाव के बीच कंपनी के शेयरों में दो फीसदी से ज्यादा तेजी आई और इसके साथ ही उसका मार्केट कैप 11.8 लाख करोड़ रुपये के ऊपर पहुंच गया। इसके साथ ही वह एचडीएफसी बैंक से आगे निकल गई। देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक एचडीएफसी के शेयरों में कारोबार के दौरान 2 फीसदी की गिरावट आई और इसका मार्केट कैप 11.7 लाख करोड़ रुपये रह गया। मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज 18 लाख करोड़ रुपये के मार्केट कैप के साथ देश की सबसे मूल्यवान कंपनी है।
पिछले 5 साल में भारती एयरटेल के शेयरों में 270 फीसदी तेजी आई है जबकि एचडीएफसी बैंक का शेयर 49 फीसदी चढ़ा है। मार्केट कैप के हिसाब से रिलायंस, भारती एयरटेल और एचडीएफसी बैंक के बाद आईसीआईसीआई बैंक, एसबीआई, टीसीएस, बजाज फाइनेंस, लार्सन एंड टुब्रो, एचयूएल और एलआईसी का नंबर है।
कहां तक जाएगी कीमत?
बोफा सिक्योरिटीज ने एयरटेल के शेयर को 2,320 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है। कंपनी का शेयर अभी बीएसई पर 1.88% की तेजी के साथ 1940.35 रुपये पर ट्रेड कर रहा था। पिछले सत्र में यह 1,904.60 रुपये पर बंद हुआ था और आज 1,909.35 रुपये पर खुला। कारोबार के दौरान यह 1,953.95 रुपये तक चढ़ा। इसका 52 हफ्ते का उच्चतम स्तर 2,174.70 रुपये है जबकि न्यूनतम स्तर 1,745 रुपये है।जेपी मोर्गन ने भारती एयरटेल को 2,250 रुपये का टागरेट प्राइस दिया है जबकि गोल्डमैन सैश ने बाय रेटिंग के साथ टागरेट प्राइस 2,250 रुपये से घटाकर 2,210 रुपये कर दिया। दूसरी ओर एचडीएफसी बैंक का शेयर आज कारोबार के दौरान 751.50 रुपये तक गिरा। पिछले सत्र में यह 767.80 रुपये पर बंद हुआ था और आज 760.20 रुपये पर खुला। इसका 52 हफ्ते का उच्चतम स्तर 1,020.35 रुपये और न्यूनतम स्तर 726.75 रुपये है।






































