दंतेवाड़ा । ग्राम पंचायत फूलपाड़, डोगरी पारा की रहने वाली रीना लेखाम एक मेहनती और आत्मनिर्भर महिला हैं। पहले वे घरेलू कार्यों तक ही सीमित थीं, लेकिन महतारी वंदन योजना से प्राप्त आर्थिक सहायता ने उनके जीवन में नई उम्मीद जगाई।
रीना लेखाम ने योजना से मिले पैसों का सदुपयोग करते हुए साग-सब्जी का उत्पादन शुरू किया। उन्होंने अपने घर के आसपास की जमीन पर विभिन्न प्रकार की हरी सब्जियां उगाईं। नियमित मेहनत, देखभाल और जैविक तरीके अपनाकर उन्होंने अच्छी पैदावार प्राप्त की। उत्पादित साग-सब्जियों को वे स्थानीय बाजार में बेचने के लिए ले जाती हैं। इससे उन्हें अतिरिक्त आमदनी प्राप्त होने लगी है। सब्जियों की बिक्री से होने वाली आय से वे अपने परिवार की जरूरतें पूरी करने के साथ-साथ खेती में भी निवेश कर रही हैं।
रीना लेखाम का कहना है कि महतारी वंदन योजना से मिली राशि ने उन्हें आर्थिक रूप से मजबूत बनने का अवसर दिया है। अब वे आत्मविश्वास के साथ अपना काम कर रही हैं और परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने में महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं। उनकी यह सफलता अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणादायक है। रीना लेखाम ने यह साबित कर दिया है कि सरकारी योजनाओं का सही उपयोग कर महिलाएं आत्मनिर्भर बन सकती हैं और अपने परिवार के साथ-साथ समाज के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं।






























